बिहार राज्य जन स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के अधीन बिहार राज्य पारा मेडिकल संघर्ष समिति के सभी लैब टेक्नीशियन बुधवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। इससे कोरोना जांच प्रभावित हुआ। एक दिन में जहां दो हजार कोरोना जांच का टारगेट दिया गया है, वहीं हड़ताल के पहले दिन लैब टेक्नीशियन की कमी की वजह से कोरोना जांच प्रक्रिया प्रभावित हुई।
इधर सभी लैब टेक्नीशियन ने अपनी मांगों को लेकर एक ज्ञापन सिविल सर्जन डॉ सुधीर कुमार महतो को सौंपा। जिसके बाद सिविल सर्जन ने कार्यपालक निदेशक को त्राहिमाम संदेश भेजा है। जिसमें बताया गया है कि जिला अंतर्गत सभी लैब टेक्नीशियन हड़ताल पर चले गए हैं। जिससे ट्रूनेट मशीन के संचालन एवं रैपिड एंटीजन एवं आरटी पीसीआर सैंपल कलेक्शन एवं टेस्टिंग पर प्रतिकूल असर पड़ने की संभावना है।
लैब टेक्नीशियन हरिहर गुप्ता, नंदलाल, कुणाल कुमार ने बताया कि जिला अंतर्गत सभी लैब टेक्नीशियन के पद के लिए बिहार कर्मचारी चयन आयोग द्वारा बिहार के अलावा अन्य राज्यों के वैध डिग्री धारक को साक्षात्कार में शामिल नहीं करने, मानदेय में वृद्धि एवं अन्य मांग के समर्थन में अनिश्चितकालीन हड़ताल करने का फैसला किया गया है। वर्तमान में कोरोना का संक्रमण जिले में काफी तेजी से फैल रहा है। प्रखंड स्तरीय स्वास्थ्य संस्थानों में संक्रमण प्रभावित क्षेत्रों में कोरोना के सैंपल जांच हेतु राज्य स्तर पर लक्ष्य निर्धारित की गई है। राज्य द्वारा निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप कोरोना के सैंपल जांच नहीं होने की स्थिति में कोरोना संक्रमण के बढ़ने का खतरा है।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
from Dainik Bhaskar https://ift.tt/2DXL9no
No comments:
Post a Comment